विविध लेख – व्रत, पर्व, त्यौहार, पूजा, अनुष्ठान आदि
अमावस्या का आध्यात्मिक महत्व एवं 2026 की सभी अमावस्या तिथियां

अमावस्या का आध्यात्मिक महत्व एवं 2026 की सभी अमावस्या तिथियां
अमावस्या हिंदू पंचांग की एक अत्यंत महत्वपूर्ण तिथि है, जिसे चंद्र मास की अंतिम तिथि भी कहा जाता है। इस दिन चंद्रमा पृथ्वी से दिखाई नहीं देता, क्योंकि सूर्य और चंद्रमा एक ही राशि में स्थित होकर एक-दूसरे के साथ
Read More ..पूर्णिमा व्रत 2026 का मह्त्व एवं तिथियां

पूर्णिमा व्रत 2026 का मह्त्व एवं तिथियां
Purnima 2026 हिंदू पंचांग की उन विशिष्ट तिथियों का समग्र चक्र है, जिसमें चंद्रमा अपनी संपूर्ण कलाओं के साथ प्रकाश और शांत ऊर्जा का प्रसार करता है। “पूर्णिमा” सदियों से आध्यात्मिक शुद्धि,
Read More ..वर्ष 2026 की सभी एकादशी व्रत तिथियाँ एवं विवरण

वर्ष 2026 की सभी एकादशी व्रत तिथियाँ एवं विवरण
Read More ..जानिये वर्ष 2026 के सभी संकष्टी गणेश चतुर्थी के व्रतों की जानकारी

जानिये वर्ष 2026 के सभी संकष्टी गणेश चतुर्थी के व्रतों की जानकारी
संकष्टी चतुर्थी व्रत 2026 (Sankashti Chaturthi Vrat 2026) भगवान श्री गणेश की उपासना का एक अत्यंत महत्वपूर्ण और पवित्र व्रत है, जिसका उद्देश्य जीवन के संकटों से मुक्ति, मानसिक स्थिरता, बुद्धि की वृद्धि और
Read More ..वर्ष 2026 के सभी सिद्धि विनायक व्रतों की जानकारी

वर्ष 2026 के सभी सिद्धि विनायक व्रतों की जानकारी
सिद्धि विनायक व्रत 2026 (Siddhi Vinayak Vrat 2026) भगवान श्री गणेश की उपासना का वह पवित्र वार्षिक क्रम है जिसमें पूरे वर्ष आने वाली 12 चतुर्थियाँ मन, बुद्धि, संकल्प-शक्ति और जीवन की समृद्धि को जागृत
Read More ..देव दीपावली 2025

देव दीपावली 2025
भारत की आध्यात्मिक धरा पर दीपों से सजी एक ऐसी रात होती है। जब मानो धरती पर देवता उतर आते हैं — इसे ही देव दीपावली कहा जाता है। देव दीपावली (Dev Diwali) 2025 इस वर्ष 5 नवंबर को मनाई जाएगी।
Read More ..दिवाली 2025: प्रकाश और समृद्धि का छह दिन का त्यौहार – महत्व, मुहूर्त और धार्मिक मान्यता

दिवाली 2025: प्रकाश और समृद्धि का छह दिन का त्यौहार – महत्व, मुहूर्त और धार्मिक मान्यता
भारत में दीपावली न केवल एक पर्व है बल्कि अंधकार से प्रकाश की ओर, अज्ञान से ज्ञान की ओर, और नकारात्मकता से सकारात्मकता की ओर बढ़ने का संदेश देने वाला उत्सव है। संस्कृत शब्द ‘दीपावली’ का अर्थ
Read More ..करवा चौथ – वैवाहिक जीवन की पवित्रता और प्रेम का प्रतीक

करवा चौथ – वैवाहिक जीवन की पवित्रता और प्रेम का प्रतीक
करवा चौथ का त्योहार (Karva Chauth Festival) भारतीय संस्कृति में वैवाहिक जीवन की पवित्रता और प्रेम का प्रतीक है। यह पर्व हर वर्ष कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि को मनाया जाता है। इस दिन विवाहित महिलाएं
Read More ..पितृ पक्ष सितम्बर 2025

पितृ पक्ष सितम्बर 2025
पितृ पक्ष 2025 (Pitra Paksha 2025) का महत्व और विधियां हिंदू धर्म में अत्यंत पवित्र मानी जाती हैं। इस पखवाड़े को विशेष रूप से पूर्वजों को याद करने, उन्हें श्रद्धांजलि देने और उनके आशीर्वाद प्राप्त
Read More ..गणेश चतुर्थी 2025: महत्व, इतिहास और पूजा विधि

गणेश चतुर्थी 2025: महत्व, इतिहास और पूजा विधि
गणेश चतुर्थी, जिसे विनायक चतुर्थी के नाम से भी जाना जाता है, भारत के सबसे लोकप्रिय और हर्षोल्लास से मनाए जाने वाले पर्वों में से एक है। यह पावन दिन भगवान गणेश के जन्मोत्सव के रूप में भाद्रपद मास के शुक्ल
Read More ..अजा एकादशी 2025

अजा एकादशी 2025
अजा एकादशी, भाद्रपद मास के कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि को मनाई जाती है और इसका महत्व वैदिक शास्त्रों में अत्यधिक बताया गया है। यह एकादशी भगवान विष्णु को समर्पित होती है, जिसमें व्रत और पूजा
Read More ..श्रीकृष्ण जन्माष्टमी

श्रीकृष्ण जन्माष्टमी
कृष्ण जन्माष्टमी 2025 (Janmashtami 2025), जिसे श्रीकृष्ण जयंती या गोकुलाष्टमी भी कहा जाता है, भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव के रूप में मनाई जाती है। यह त्योहार भाद्रपद माह के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को
Read More ..श्रावण मास में रुद्राभिषेक का महत्व

श्रावण मास में रुद्राभिषेक का महत्व
रुद्राभिषेक सनातन धर्म में भगवान शिव की आराधना का सबसे प्रभावशाली और शुभ उपाय माना जाता है। श्रावण मास का आगमन होते ही शिवभक्त रुद्राभिषेक के आयोजन में जुट जाते हैं, क्योंकि इसी महीने को शिव जी का सबसे
Read More ..श्रावण मास में श्रावण सोमवार पूजा का महत्व

श्रावण मास में श्रावण सोमवार पूजा का महत्व
श्रावण में श्रावण सोमवार पूजा का महत्व (Importance of Shravan Somwar Puja) हर शिवभक्त के जीवन में विशेष स्थान रखता है। सावन का पावन महीना न सिर्फ प्राकृतिक सौंदर्य से भरा होता है, बल्कि यह भगवान शिव की
Read More ..योगिनी एकादशी 2025 (Yogini Ekadashi 2025): व्रत तिथि, पूजा विधि और महत्व

योगिनी एकादशी 2025 (Yogini Ekadashi 2025): व्रत तिथि, पूजा विधि और महत्व
हिंदू धर्म में एकादशी तिथि का अत्यंत महत्व है। हर माह में दो एकादशी आती हैं—एक शुक्ल पक्ष में और दूसरी कृष्ण पक्ष में। आषाढ़ मास की कृष्ण पक्ष की एकादशी को “योगिनी एकादशी” कहा जाता है। यह व्रत विशेष रूप से भगवान विष्णु
Read More ..आषाढ़ गुप्त नवरात्रि 2025: तिथि, महत्व और पूजन विधि

आषाढ़ गुप्त नवरात्रि 2025: तिथि, महत्व और पूजन विधि
Ashadha Gupt Navratri 2025 का पर्व इस वर्ष 26 जून से 4 जुलाई 2025 तक मनाया जाएगा। यह पर्व विशेष रूप से तांत्रिक साधना और दस महाविद्याओं की उपासना के लिए जाना जाता है। यह पर्व साधकों के लिए
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