Pavitra Jyotish
Daily
Panchang
2017
Horoscope
Special
Deals
Maha
Shivratri

मिथुन सम्पूर्ण अवलोकन

Mithun Rashi Bhavishya

भौतिक लक्षण :लंबा, सुडौल शरीर, पतले और लंबे हाथ मध्यम रंग, ठोढ़ी के पास गढ्ढ़ा, सक्रिय स्पष्ट वचन तीखी-सक्रिय काली आंखें, लंबी नाक चेहरे पर मस्सा।

अन्य गुण : साहसी, मानव स्वभाव का ज्ञान, सहानुभुतिपूर्ण और दयालु। ज्ञान, मौलिकता और चुस्ती में उत्तम, वक्त की नजाकत तुरंत भांप लेते हैं।

धोखाधड़ी के कारण हानि उठाते है। ईश्वर की सहायता उपलब्ध होती है, जरूरत के मुताबिक स्व्यं को ढ़ाल लेते हैं, परिवर्तनशील मिज़ाज, धैर्यहीन, बेचैन, मानसिक कार्यों में प्रवीण, संकल्पशक्ति कमजोर निर्णयक्षमता तीव्र और एकाग्रता उत्तम होती है, यंत्र विज्ञान में प्रवीण होते हैं, प्रत्येक विषय की जानकारी रखते हैं वार्तलाप में उत्कृष्ट रहते हैं, कवि, वक्ता लेखक, संगीतज्ञ आदि होते हैं। दो व्यवसाय भी हो सकते हैं। दो कार्य साथ-साथ सफलतापूर्ण संपन्न कर सकते हैं नौकरी में किस्मत साथ नहीं देती हे। समाज में सम्मान होता है। महिलाओं द्वारा कार्य में बाधा या हानि होती है। विपरीत लिंग के व्यक्तियों के साथ सावधानी बरतनी चाहिए। धर्म और अध्यात्म में रूचि होती है। महिलाएं इनकी कमजोरी होती है। उनका स्नेह पाने में प्रवीण होते हैं। सामाजिक उत्सवों आदि में भाग लेने के लिए तत्पर रहते हे। विवाह में उत्साह और रूचि रहती है।

संभावित रोग: जुकाम, खांसी, यक्ष्मा, इंफ्लुएंजा। 33 से 46 वर्ष की आयु का समय इनके जीवन का स्वर्ण काल रहता है। 47 से 56 वर्ष में कष्ट रहते हैं। आयु के 6, 21 और 32 वें वर्ष अशुभ होते हैं।

जहां नर्तक, संगीतकार, कलाकार वेश्यांए रहती है, उनका प्रतिनधित्व करती है। शयनकक्ष, मनोंरेजन करना, ताश खेलना आदि स्थानों की स्वामी है। यह उभयोदय राशि, घंुघराले बाल, काले ओष्ठ अन्य व्यक्यिों को समझने में चतुर, उन्नत नाक, संगीत में रूचि गृह कार्य में रूचि पतली, लम्बी उंगलियां मध्य दिन में बली रहती है। पुरूष राशि है।